समाजवादी पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव ने 4 सितंबर 2026 को लखनऊ में CJP के राष्ट्रीय प्रवक्ता अशुतोष रंका से 90 मिनट की बंद कमरे में बैठक की। बैठक में युवाओं, छात्रों, रोजगार और शिक्षा के मुद्दों पर चर्चा हुई।
समाजवादी पार्टी (SP) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने 4 सितंबर 2026 को लखनऊ स्थित जनेश्वर मिश्र ट्रस्ट कार्यालय में CJP (कॉकरोच जनता पार्टी) के राष्ट्रीय प्रवक्ता अशुतोष रंका से करीब 90 मिनट की बंद कमरे में बैठक की। इस बैठक में रंका के साथ उनके 7 सहयोगी भी मौजूद थे।
बैठक में मुख्य रूप से युवाओं और छात्रों से जुड़े मुद्दों पर चर्चा हुई, जिनमें बेरोजगारी, भर्ती परीक्षाओं में पेपर लीक और सरकारी स्कूलों की दुर्दशा शामिल थे। रंका ने जंतर-मंतर पर हुए CJP समर्थित छात्र आंदोलन में SP नेताओं—दिम्पल यादव और धर्मेंद्र यादव—के समर्थन के लिए आभार व्यक्त किया।
SP प्रवक्ता राजेंद्र चौधरी ने बैठक की पुष्टि करते हुए कहा कि यह मुख्यतः पिछले समर्थन के लिए आभार व्यक्त करने की बैठक थी। हालाँकि, राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि CJP के 'स्कूल जोड़ो अभियान' और SP के 'PDA' (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) नैरेटिव के बीच तालमेल 2027 के चुनावों में एक नए राजनीतिक गठजोड़ की नींव रख सकता है।
BJP ने इस बैठक पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि यह जंतर-मंतर की राजनीति का असली चेहरा उजागर करती है। 2027 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनावों से पहले यह बैठक राजनीतिक गलियारों में चर्चा का विषय बन गई है।