मेरठ में एक नोएडा के फर्नीचर व्यापारी को अवैध हिरासत में रखकर जबरन वसूली के मामले में मुख्य आरोपी शादाब राव फरार है। तीन पुलिसकर्मी निलंबित हो चुके हैं।
मेरठ, 7 नवंबर। मेरठ में एक नोएडा के फर्नीचर व्यापारी को अवैध हिरासत में रखकर जबरन वसूली के मामले में मुख्य आरोपी शादाब राव अभी भी फरार है। 7 नवंबर की रिपोर्ट के अनुसार, शादाब राव WhatsApp कॉल के जरिए कुछ पुलिसकर्मियों से संपर्क में है, जिससे जांच और जटिल हो गई है।
जांच में तीन पुलिसकर्मियों की संलिप्तता की पुष्टि हुई है, जिन्हें निलंबित कर दिया गया है। SSP अब उनके खिलाफ विशिष्ट अनुशासनात्मक कार्रवाई तय कर रहे हैं। DIG कलानिधि नैथानी के निर्देश पर 2018 के वाहन चोरी मामले को फिर से खोला जा रहा है, जिसमें शादाब राव शामिल था और जिसमें कुछ अंतरराष्ट्रीय वाहन चोरों को चार्जशीट से बाहर रखा गया था।
पुलिस ने शादाब राव को पकड़ने के लिए कई स्थानों पर छापेमारी की है, लेकिन अभी तक सफलता नहीं मिली है। मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ अधिकारी स्वयं जांच की निगरानी कर रहे हैं।
यह मामला पुलिस-अपराधी गठजोड़ की गंभीर समस्या को उजागर करता है। पीड़ित व्यापारी ने आरोप लगाया था कि उसे अवैध रूप से हिरासत में रखकर मोटी रकम वसूली गई। मामले में पुलिस की भूमिका की जांच जारी है।
मेरठ पुलिस ने आश्वासन दिया है कि शादाब राव को जल्द गिरफ्तार किया जाएगा और दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई होगी।