केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने 7 नवंबर 2026 को अहमदाबाद में गुजरात की सुरक्षा स्थिति की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की। बैठक में सीमा सुरक्षा, नशा नियंत्रण, साइबर अपराध और नए आपराधिक कानूनों के क्रियान्वयन पर विस्तृत चर्चा हुई।
अहमदाबाद। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने 7 नवंबर 2026 को अहमदाबाद में गुजरात की आंतरिक सुरक्षा और कानून-व्यवस्था की व्यापक समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। दिवाली से पहले आयोजित इस बैठक में गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल, उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी, केंद्रीय गृह सचिव और अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक में 'नशा मुक्त भारत' अभियान पर विशेष जोर दिया गया। गृह मंत्री शाह ने निर्देश दिए कि 2029 तक नशा मुक्त भारत के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए छोटे तस्करों के बजाय पूरे नशा नेटवर्क और उनके सरगनाओं पर ध्यान केंद्रित किया जाए। उन्होंने '1933' एंटी-ड्रग हेल्पलाइन के विस्तार और व्यापक जन जागरूकता अभियान चलाने के निर्देश दिए।
गुजरात की लगभग 2,340 किलोमीटर लंबी तटरेखा और पाकिस्तान के साथ अंतरराष्ट्रीय सीमा को देखते हुए शाह ने BSF, राज्य पुलिस, तटरक्षक बल और केंद्रीय एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय पर जोर दिया। साइबर अपराध से निपटने के लिए S4C क्षमताओं के विस्तार और '1930' साइबर फ्रॉड हेल्पलाइन को मजबूत करने के निर्देश दिए गए।
नए आपराधिक कानूनों के क्रियान्वयन में गुजरात की प्रगति की सराहना करते हुए शाह ने बताया कि 92% चार्जशीट 60 दिनों के भीतर और 86% 90 दिनों के भीतर दाखिल की गई हैं। उन्होंने 25,000 से अधिक लंबित फोरेंसिक मामलों को निपटाने के लिए विशेष अभियान चलाने के निर्देश दिए।
बैठक में अवैध प्रवासियों की पहचान और निर्वासन, आपदा प्रबंधन, अहमदाबाद शहरी बाढ़ प्रबंधन परियोजना और जनगणना 2027 की तैयारियों पर भी चर्चा हुई।