दिवाली के पावन अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अयोध्या में हनुमानगढ़ी और श्रीराम जन्मभूमि मंदिर में दर्शन-पूजन किया। उन्होंने वासुदेव घाट के पास एक दलित परिवार के साथ प्रसाद ग्रहण किया और रामघाट हाल्ट के निषाद बस्ती में दिवाली मिलन में भाग लिया।
अयोध्या, 8 नवंबर। दीपोत्सव के बाद दिवाली के दिन मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अयोध्या में एक व्यस्त और भावपूर्ण कार्यक्रम में भाग लिया। सुबह 7:50 बजे उन्होंने हनुमानगढ़ी मंदिर में दर्शन और पूजन किया, इसके बाद 8:05 बजे श्रीराम जन्मभूमि मंदिर में भगवान राम लला के दर्शन किए।
मुख्यमंत्री ने महंत नृत्यगोपाल दास सहित कई प्रमुख संतों से मुलाकात की। उनके कार्यक्रम में दिगंबर अखाड़ा, बड़ा भक्तमाल और मणिराम दास छावनी की यात्रा शामिल थी। सेवकपुरम में भी संतों से भेंट हुई।
सामाजिक समरसता के प्रतीक के रूप में मुख्यमंत्री ने वासुदेव घाट के पास एक दलित परिवार के घर जाकर प्रसाद ग्रहण किया। रिणमोचन घाट क्षेत्र की निषाद बस्ती में दिवाली मिलन कार्यक्रम में भाग लेकर उन्होंने मिठाइयां वितरित कीं।
इससे पहले मुख्यमंत्री ने अखिलेश यादव की अयोध्या यात्रा की योजना पर कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि जिन्होंने 1990 में रामभक्तों पर गोली चलाई, उन्हें अयोध्या आने से पहले संतों और भक्तों से माफी मांगनी चाहिए। उन्होंने इसे 'विचारधारा की जीत' बताया।
दोपहर 10:40 बजे रामकथा पार्क हेलीपैड से रवाना होने से पहले मुख्यमंत्री राम की पैड़ी पर 'पंचायत आज तक' कार्यक्रम में भी शामिल हुए। दीपोत्सव के 10वें संस्करण में 30 लाख दीपों और 2,100 ड्रोन शो के बाद यह दिवाली अयोध्या के लिए ऐतिहासिक रही।
*Photo: Wikimedia Commons / PIB/PMO, GODL-India*